Haryana Police महानिदेशक अजय सिंघल को जब अपनी पुत्री के विवाह के लिए बैंक्वेट हॉल बुक करना पड़ा तो उनसे करीब पांच लाख की मांग की गई। विवाह उन्होंने धूमधाम से किया, लेकिन तभी उनके मन में विचार आया कि वे साधन-संपन्न हैं, इस पैसे का भुगतान कर सकते हैं, लेकिन आम पुलिस कर्मचारी को यदि अपने बेटे या बेटी का विवाह करना हुआ तो वह इतनी धनराशि का भुगतान कैसे करेंगे।

उन्होंने उसी समय सोच लिया था कि यदि उन्हें मौका मिला तो वह पुलिस कर्मियों के परिवारजनों के लिए राज्य की प्रत्येक पुलिस लाइन में एक-एक बैंक्वेट हॉल और चार से पांच कमरों का निर्माण अवश्य कराएंगे। पुलिस महानिदेशक के रूप में कार्यभार संभालने के बाद जब अजय सिंघल अपनी प्राथमिकताएं गिनवा रहे थे, तभी उन्होंने राज्य के करीब 90 हजार पुलिस कर्मियों के वेलफेयर (कल्याण) की योजना भी साझी की।
अपने इस अनुभव और चाह को सार्वजनिक किया। अजय सिंघल अब चूंकि कम से कम अगले दो साल राज्य के पुलिस प्रमुख रहने वाले हैं, इसलिए उन्होंने जिला पुलिस लाइनों में बैंक्वेट हॉल बनाने की प्रक्रिया शुरू करने की संभावनाएं तलाश करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए हैं। पुलिस लाइनों में खाली पड़ी जमीन पर इन बैंक्वेट हॉल का निर्माण होगा, जहां पुलिसकर्मी शादियों के अलावा सामाजिक कार्यक्रम भी कर सकेंगे।
टॉप एजेंडे शामिल हैं | Haryana Police
पुलिस महानिदेशक ने पुलिस कर्मचारियों व अधिकारियों के लिए अपनी प्राथमिकताएं तय की हैं। पुलिस कर्मियों का मनोबल बढ़ाना और उनकी सामान्य समस्याओं को खत्म करना उनके टॉप एजेंडे में शामिल है।
अजय सिंघल का कहना है कि पुलिस कर्मियों को बेटी की शादी के अवसर पर पांच लाख रुपये का अनुदान दिया जाएगा। इसके लिए भी योजना बना ली गई है। पुलिस कर्मचारियों के जो बच्चे पढ़ाई में बेहतर प्रदर्शन करेंगे, उनके लिए दो लाख रुपये तक के अनुदान की योजना बनाई जा रही है।
इसका सरकार के बजट पर किसी तरह तरह का विपरीत बोझ नहीं पड़ेगा। पुलिस महानिदेशक के अनुसार कई जिलों तथा पुलिस विंग में साप्ताहिक अवकाश नहीं मिलने से कर्मचारी अक्सर तनाव में रहते हैं। सभी जिलों के एसपी को पालिसी बनाने के निर्देश जारी किए गए हैं।
महिला पुलिस कर्मियों के व्यवस्थित शौचालय
अजय सिंघल के अनुसार महिला पुलिस कर्मियों के लिए पुलिस थानों व चौकियों में व्यवस्थित शौचालयों की सुविधा प्रदान की जाएगी। साइबर क्राइम तथा सोशल साइटों पर पोर्नोग्राफी बड़ी चुनौती के रूप में सामने आया है। इससे निपटने के लिए पुलिस लगातार रिसर्च पर फोकस कर रही है।