Haryana News हरियाणा में ग्रुप डी भर्ती के लिए संयुक्त पात्रता परीक्षा (सीईटी) का इंतजार कर रहे युवाओं को बड़ा झटका लगा है। निकाय चुनावों के चलते एचएसएससी ने परीक्षा स्थगित कर दी है। हालांकि, परीक्षा केंद्रों का चयन हो चुका है, लेकिन दसवीं और बारहवीं की परीक्षाओं के कार्यक्रम के कारण फिलहाल परीक्षा की नई तारीख घोषित नहीं की गई है।

निकाय चुनावों तक इंतजार करना होगा
हरियाणा में ग्रुप सी और ग्रुप डी के पदों के लिए आवश्यक सीईटी परीक्षा का आयोजन अब निकाय चुनावों के बाद ही संभव होगा। लाखों अभ्यर्थियों को परीक्षा की नई तारीख के लिए और इंतजार करना पड़ सकता है।
परीक्षा केंद्रों का चयन पूरा, लेकिन तारीख अनिश्चित
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) की टीमों ने राज्यभर में परीक्षा केंद्रों का चयन कर लिया है। हालांकि, दसवीं और बारहवीं की बोर्ड परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी होने के कारण सीईटी परीक्षा की तारीख घोषित नहीं हो पा रही है।
सीईटी के लिए बढ़ सकता है इंतजार
निकाय चुनाव और बोर्ड परीक्षाएं बनीं बाधा
हरियाणा में नगर निकाय चुनाव 2 और 9 मार्च को होने हैं। चुनाव आचार संहिता लागू होने के कारण राज्य में किसी भी बड़े आयोजन की घोषणा संभव नहीं है। इसके अलावा, बोर्ड परीक्षाएं भी निकट हैं, जिससे परीक्षा कार्यक्रम आगे खिसक सकता है।
कोर्ट में जा सकता है मामला
अगर आचार संहिता के दौरान एचएसएससी परीक्षा की तारीख घोषित करता है, तो विपक्षी दल इसे चुनावी मुद्दा बना सकते हैं और कोर्ट का रुख कर सकते हैं। पहले भी कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के दौरान करीब 25,000 भर्तियों के परीक्षा परिणाम पर रोक लगाने के लिए कोर्ट में याचिका दायर की थी।
सरकार ने 2024 में परीक्षा कराने का किया था दावा
हरियाणा सरकार ने पहले हाईकोर्ट में दावा किया था कि सीईटी परीक्षा दिसंबर 2024 में कराई जाएगी। हालांकि, बार-बार परीक्षा टलने से अभ्यर्थी असमंजस में हैं और वे लगातार परीक्षा की नई तारीख की प्रतीक्षा कर रहे हैं।
परीक्षा केंद्रों के लिए जारी हुई गाइडलाइन
एचएसएससी ने परीक्षा केंद्रों को लेकर सख्त दिशानिर्देश जारी किए हैं:
- स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, तकनीकी संस्थान, पालिटेक्निक और बीएड कॉलेजों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा।
- परीक्षा केंद्र भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में नहीं होंगे।
- कक्षाओं में उचित प्रकाश व्यवस्था और फर्नीचर की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
- प्रत्येक परीक्षा कक्ष में केवल 24 अभ्यर्थियों को बैठने की अनुमति होगी।
- संभव हो तो एक डेस्क पर एक ही अभ्यर्थी बैठेगा।
अब अभ्यर्थियों को परीक्षा की नई तारीख के ऐलान का इंतजार है, जो निकाय चुनाव और बोर्ड परीक्षाओं के बाद ही संभव लग रहा है।