पुराना या घटिया कुट्टू के आटे से बने पकवान खाने से बीमार हो सकते हैं। पेट दर्द, उल्टी, दस्त से तबीयत बिगड़ सकती है। लक्षण दिखते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इस आटे के खाद्य पदार्थ खाते समय दही लस्सी या दूध जरूर लें। नवरात्र में कुट्टू का आटा खरीद रहे हैं तो सावधान रहें।
हर बार कुट्टू का आटा खाने से बीमार होने की घटनाएं होती हैं। लेकिन दुकानदार इससे सबक नहीं ले रहे। इस बार भी बाजार में कुट्टू का खुला आटा बिक रहा है। यह आटा न खरीदें, नहीं तो जान पर बन सकती है। हर बार खाद्य एवं सुरक्षा विभाग भी खुला कुट्टू का आटा बेचने वालों पर शिकंजा कसता है। मगर फिर भी दुकानदार मोटे मुनाफे के चक्कर में लोगों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ करने में लगे रहते हैं।

डॉक्टर की सलाह
चिकित्सकों ने भी स्पष्ट कहा है कि पैकिंग वाला और ब्रांडेड आटा ही खरीदें। घटिया आटा खाने से फूड प्वाइजनिंग खतरानाक हो सकती है। खुले में कुट्टू का आटा बेचने वाले दुकानदारों के खिलाफ अब अभियान चलाया जाएगा। घटिया कुट्टू का आटा खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द हो सकता है। कई दिमाग में खून की नलियों में इसका असर पड़ता है। इसके अलावा खराब आटे के खाद्य पदार्थ खाने से लीवर को नुकसान और आंतों में जख्म भी हो सकते हैं।
बिगड़ सकती है तबीयत
पुराना या घटिया कुट्टू के आटे से बने पकवान खाने से बीमार हो सकते हैं। पेट दर्द, उल्टी, दस्त से तबीयत बिगड़ सकती है। लक्षण दिखते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इस आटे के खाद्य पदार्थ खाते समय दही लस्सी या दूध जरूर लें। सावधानी बरतें और पैकिंग और उच्च गुणवत्ता वाला कुट्टू का आटा ही खरीदें।
पहले ही चल रहा अभियान
खुला कुट्टू का आटा बेचने वालों के सैंपल लिए जाएंगे। इससे पहले भी खाद्य सामग्री के सैंपल लिए गए हैं। घटिया खाद्य सामग्री बेचने वालों को बक्शा नहीं जाएगा। लोगों से अपील है कि आटा जांच परख के बाद ही लें।
व्रत में ये ध्यान रखें
व्रत रखने से शरीर के डाइजेशन सिस्टम को आराम मिलता है। इससे मेटाबॉलिक रेट बढ़ जाता है। व्रत के दौरान कम से कम 6 से आठ गिलास पानी जरूर पिएं। कुछ न कुछ खाते रहें। खाने में आलू, ड्राई फ्रूट और साबूदाना ले सकते हैं। घटिया कुट्टू का आटा खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द हो सकता है। यहां तक कि कई बार दिमाग में खून की नलियों में इसका असर पड़ता है।