Sonipat News गोल्ड लोन कंपनी के मैनेजर को 1 किलो 810.88 ग्राम सोना लेकर भागने के मामले में पुलिस ने राजस्थान से गिरफ्तार किया है। मैनेजर के साथ उसके दो साथी भी पकड़े गए हैं। पुलिस ने तीनों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया है। आरोपी 13 दिसंबर 2024 को 25 पैकेट सोना लेकर फरार हुआ था।

कैसे हुआ घोटाले का खुलासा?
थाना कलानौर प्रभारी निरीक्षक सतपाल सिंह के अनुसार, कैपरी ग्लोबल कैपिटल लिमिटेड के एरिया मैनेजर राजीव ने 15 दिसंबर 2024 को मामला दर्ज कराया था। आरोपी कुलदीप, जो सांजरवास का रहने वाला है, ने 22 जून 2022 को बैंक मैनेजर के रूप में जॉइन किया था। वह ब्रांच मैनेजर और सहायक ब्रांच मैनेजर की मदद से सोने की नीलामी और अन्य बैंकिंग कार्यों को संभालता था।
कैसे अंजाम दिया सोना चोरी का प्लान?
ब्रांच की दो चाबियां थीं, जिनमें से एक कुलदीप और दूसरी मधु एसआरओ के पास थी। 11 दिसंबर 2024 को कुलदीप 14 पैकेट सोना नीलामी के लिए दूसरी ब्रांच में ले गया। अगले दिन, 12 दिसंबर को, उसने 11 और पैकेट दूसरी ब्रांच में जमा करवाने के बहाने लिए। 13 दिसंबर को जब ऑडिट टीम ब्रांच में पहुंची, तो कुलदीप कुछ देर बाद बाहर निकला और 25 पैकेट सोना लेकर गायब हो गया।
राजस्थान से तीनों आरोपी गिरफ्तार
जांच के दौरान पुलिस ने कुलदीप और उसके दो सहयोगी—प्रवीण (सांजरवास) और साहिल (बौंद कलां, दादरी) को राजस्थान से गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि कुलदीप ने अपने चाचा और मौसी के लड़कों (प्रवीण और साहिल) के साथ मिलकर यह योजना बनाई थी। उन्होंने दादरी और भिवानी में फाइनेंस कंपनियों और बैंकों में सोना गिरवी रखकर लोन लिया था।
अब आगे क्या?
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि कहीं और भी सोना गिरवी तो नहीं रखा गया।