Hisar News रविवार रात सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के कारण हरियाणा में हल्की बारिश हुई, जिससे तापमान में 8.7 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। पहली बार दिन में ठंड का अनुभव हुआ। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, मंगलवार तक इस विक्षोभ का असर रहेगा और हल्की बूंदाबांदी की संभावना है।

सभी जिलों में तापमान गिरा, कुरुक्षेत्र सबसे ठंडा
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार, सोमवार को हिसार, रोहतक, सोनीपत, नारनौल, सिरसा, झज्जर, और अन्य जिलों में रुक-रुक कर बारिश हुई। बादल छाए रहने से दिन का तापमान गिरकर 16 डिग्री से नीचे चला गया। कुरुक्षेत्र का तापमान 12.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।
मंगलवार तक जारी रहेगा प्रभाव, फिर गिरावट
डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि मंगलवार को भी कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी और सुबह कोहरे की संभावना है। शाम तक विक्षोभ आगे बढ़ जाएगा, जिसके बाद दिन और रात के तापमान में और गिरावट आएगी। 26-27 दिसंबर को एक और मजबूत पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिसका असर उत्तरी और दक्षिणी हरियाणा सहित दिल्ली-एनसीआर में देखने को मिलेगा।
बारिश और तापमान का आंकड़ा
क्षेत्र | बारिश (एमएम) | अधिकतम तापमान (°C) |
---|---|---|
हिसार | 2.4 | 14.1 |
नारनौल | 1.0 | 14.8 |
रोहतक | 1.2 | 15.3 |
जींद | 1.2 | 13.2 |
पानीपत | 0.5 | — |
सोनीपत | 0.5 | 17.9 |
सिरसा | 1.5 | 14.8 |
गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद बारिश
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के गेहूं विशेषज्ञ डॉ. ओपी बिश्नोई ने बताया कि यह बारिश गेहूं की फसल के लिए लाभदायक है। बारिश से प्रदूषण नाइट्रोजन के रूप में घुलकर फसल पर गिरता है, जिससे पछेती फसल में फुटाव बेहतर होगा और अगेती फसल को भी फायदा मिलेगा।