Heart Attack साल 2021 में कार्डियोवैस्कुलर डिजीज (सी.वी.डी) के कारण 20.5 मिलियन (दो करोड़ से अधिक) मौतें हुईं, जो वैश्विक स्तर पर सभी मौतों का लगभग एक तिहाई है। इनमें से 85% मौतें हार्ट अटैक और स्ट्रोक की वजह से हुईं।

युवा भी हो रहे शिकार
हाल के वर्षों में 20 साल से कम उम्र के लोगों में भी हार्ट अटैक के मामले तेजी से बढ़े हैं, जिससे यह बीमारी अब सिर्फ बुजुर्गों तक सीमित नहीं रही।
सीपीआर और दवाएं बचा सकती हैं जान
डॉक्टरों के अनुसार, हार्ट अटैक की स्थिति में समय रहते सीपीआर देने से मरीज की जान बचाई जा सकती है। इसके अलावा, कुछ दवाएं भी ऐसी हैं जो आपातकाल में जीवन रक्षक साबित हो सकती हैं।
‘रामकिट’ – हार्ट अटैक में संजीवनी
कानपुर हृदय रोग संस्थान के डॉक्टर नीरज कुमार ने एक विशेष दवा संयोजन ‘रामकिट’ के बारे में जानकारी दी है, जो हार्ट अटैक के समय रोगी की जान बचाने में मदद कर सकती है।
कैसे लेनी चाहिए ये दवाएं?
- इकोस्प्रिन (Ecosprin 75mg) – दो टेबलेट तुरंत लें (ब्लड थिनर का काम करती है)।
- रोसुवास्टेटिन (Rosuvastatin 20mg) – एक टेबलेट लें (कोलेस्ट्रॉल कम करती है)।
- सोब्रिट्रेट (Sorbitrate 5mg) – जीभ पर रखकर चूसें (नसों को खोलने में मदद करती है)।
7 रुपये में बच सकती है जान
इन दवाओं की कुल कीमत मात्र 6-7 रुपये होती है, लेकिन सही समय पर इनका सेवन करने से हार्ट अटैक से जान बचाई जा सकती है। डॉक्टरों का सुझाव है कि हर व्यक्ति को ये दवाएं अपने पास रखनी चाहिए ताकि इमरजेंसी में तुरंत इस्तेमाल किया जा सके।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।