
झज्जर नगर परिषद कार्यालय में सोमवार को एक अप्रत्याशित घटना ने प्रशासनिक कामकाज को ठप कर दिया। कर्मचारियों और जिला नगर आयुक्त अविनाश सिवाच के बीच तीखे विवाद के बाद कर्मचारियों ने नगर परिषद गेट पर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों ने एसडीएम को भी कार्यालय में प्रवेश करने से रोक दिया।
कर्मचारियों के अनुसार, घटना तब हुई जब नगर आयुक्त ने गर्मी के मौसम में कुछ महिला कर्मियों को कार्यालय के अंदर भोजन करते देख लिया। आरोप है कि आयुक्त ने न केवल उन्हें बाहर जाने का आदेश दिया बल्कि कार्यालय के पंखे भी बंद करवा दिए। तपती गर्मी में यह निर्णय कर्मचारियों के लिए अत्यंत कठिन साबित हुआ, जिसके बाद वे एकजुट होकर विरोध में उतर आए।
जब नगर आयुक्त स्थिति को संभालने के लिए मौके पर पहुंचे, तो प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने उन्हें कार्यालय में प्रवेश करने से रोक दिया। विरोध की तीव्रता को देखते हुए आयुक्त को वापस लौटना पड़ा। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए शहर पुलिस को मौके पर बुलाया गया।
कर्मचारियों का आरोप है कि यह पहली बार नहीं है जब अधिकारी का व्यवहार अशोभनीय रहा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। इस घटना ने नगर परिषद के सामान्य कामकाज को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है।